Бас ки аз ҷӯии сафо , шодоб май байнами туро

بس که از جوی صفا، شاداب می بینم ترا

Ҳамчуи акси шохи гул дар об май байнами туро

همچو عکس شاخ گل در آب می بینم ترا

Гар шаб торик бурдорӣ ниқоб аз рӯй хеш

گر شب تاریک برداری نقاب از روی خویش

Аз фурӯғи чеҳра дар маҳтоб май байнами туро

از فروغ چهره در مهتاب می بینم ترا

Шабнам бар барги сӯсан хуфта меояд ба ёд

شبنم بر برگ سوسن خفته می آید به یاد

Такя чун бар бистари санҷоб май байнами туро

تکیه چون بر بستر سنجاب می بینم ترا

Содаи лавҳии байн ки дорам аз ту чашми дӯстӣ

ساده لوحی بین که دارم از تو چشم دوستی

Ман ки душманпарвар аҳбоб май байнами туро

من که دشمن پرور احباب می بینم ترا

Ноз камтар кун ки ман дар комҷўиии қонеъам

ناز کمتر کن که من در کامجویی قانعم

Бас буд , як бор агар дрхўоб май байнами туро

بس بود، یک بار اگر درخواب می بینم ترا

Гиря меояд маро бар ҳоли тғрои ҳамчуи шамъ

گریه می آید مرا بر حال طغرا همچو شمع

Ҳар куҷо бо хуии оташи тоб май байнами туро

هر کجا با خوی آتش تاب می بینم ترا