Наво омӯз ин дилкаши тарона
نوا آموز این دلکش ترانه
Паии хоб инчунин гуяд фасона
پی خواب اینچنین گوید فسانه
Ки чун аз ранҷ дарё раст нозир
که چون از رنج دریا رست ناظر
Шабӣ дар хоб шуд ошуфтаи хотир
شبی در خواب شد آشفته خاطر
Чу хобаши барад дар чин дид худ ро
چو خوابش برد در چین دید خود را
Ба ҷонони ъушрат ойин дид худ ро
به جانان عشرت آیین دید خود را
Ба ҷонони ҳарфи даврӣ дар миён дошт
به جانان حرف دوری در میان داشت
Ҳадиси шиква ӯ бар забон дошт
حدیث شکوهٔ او بر زبان داشت
Ки эй боис ба саргардонии ман
که ای باعث به سرگردانی من
зи ишқат бесару сомонии ман
ز عشقت بیسر و سامانی من
Чаҳ мешудгар дар ин айёми даврӣ
چه میشد گر در این ایام دوری
Ки будам дар мақоми носабурӣ
که بودم در مقام ناصبوری
Дили ғам дидаам ме сохтӣ шод
دل غم دیدهام میساختی شاد
Ба дашномии з ман меомадат ёд
به دشنامی ز من میآمدت یاد
Вале айб ту натавон кард ин тавр
ولی عیب تو نتوان کرد این طور
Ки ин сӯрат тақозо мекунад давр
که این صورت تقاضا میکند دور
зи шавқи васли ҷонони ҷуст аз хоб
ز شوق وصل جانان جست از خواب
На базм хусравӣ дид ва на асбоб
نه بزم خسروی دید و نه اسباب
зи дасташи рафтаи он зулфи гиреҳи гир
ز دستش رفته آن زلف گره گیر
Ба ҷои он ба дасташи мондаи занҷир
به جای آن به دستش مانده زنجیر
Ҳамон меҳнати сарои дард ва ғам дид
همان محنت سرای درد و غم دید
Ҳамон зиндону занҷир ва ?илам дид
همان زندان و زنجیر و الم دید
зи туғёни ҷунуни он банди бигусаст
ز طغیان جنون آن بند بگسست
зи ҳамроҳони худ пайванди бигусаст
ز همراهان خود پیوند بگسست
зи меҳнат ҷома мезад чок ва ме рафт
ز محنت جامه میزد چاک و میرفت
зи ғам май рехт бар сар хок ме рафт
ز غم میریخت بر سر خاک میرفت
Чунин то аз фалак бинмуд маҳтоб
چنین تا از فلک بنمود مهتاب
Ҷаҳонро дод нури шамъи маи тоб
جهان را داد نور شمع مه تاب
Ба дмсозии сӯии маҳтоб рӯ кард
به دمسازی سوی مهتاب رو کرد
Ба нури моҳи соз гуфтугӯ кард
به نور ماه ساز گفتگو کرد
Ки эй шамъи шабистони алоҳӣ
که ای شمع شبستان الاهی
зи Яманати рустаи шаб аз рӯи сиёҳӣ
ز یمنت رسته شب از رو سیاهی
Чунон аз лавҳи ин зулмати зудоӣ
چنان از لوح این ظلمت زدایی
Ки гардад қобили сӯрати намое
که گردد قابل صورت نمایی
Ало эй пайки олами гирди шбрў
الا ای پیک عالم گرد شبرو
Ба рӯз тира ам андоз партав
به روز تیرهام انداز پرتو
Ба расми шбрўии ӣнҷо сафар кун
به رسم شبروی اینجا سفر کن
Ба сӯии офтоби ман гузар кун
به سوی آفتاب من گذر کن
Бигӯ к-эии моҳ бе меҳри ҷафои кор
بگو کای ماه بیمهر جفا کار
Бути номеҳрбони шӯхи дили озор
بت نامهربان شوخ دل آزار
Дуоят май расонади хастаи ҷонӣ
دعایت میرساند خسته جانی
Асири дарди даврӣ , нотавонӣ
اسیر درد دوری ، ناتوانی
Ки эй бе меҳри дилдорӣ на ин буд
که ای بیمهر دلداری نه این بود
Тариқу шеваи ёрӣ на ин буд
طریق و شیوهٔ یاری نه این بود
Маро додӣ зи ғами сар дар биёбон
مرا دادی ز غم سر در بیابان
Нишастӣ худ ба базми айши шодон
نشستی خود به بزم عیش شادان
Наомад аз миннати як бори ёдӣ
نیامد از منت یک بار یادی
Ки гӯйӣ буд ӣнҷои ноМуродӣ
که گویی بود اینجا نامرادی
Манам шармандаи зини ёрӣ ки кардӣ
منم شرمنده زین یاری که کردی
Ҳамин бошад вафодорӣ ки кардӣ
همین باشد وفاداری که کردی
Ба ман аз роҳу расми ғмгсорӣ
به من از راه و رسم غمگساری
Ҳикоятҳо ки мекардӣ зи ёрӣ
حکایتها که میکردی ز یاری
Дилам мегуфт бо ман кин дурӯғаст
دلم میگفت با من کاین دروغست
Макун бовар ки шамъ бе фурӯғаст
مکن باور که شمع بیفروغست
Ба ҳарфаши хомаи рӯмии ниҳодам
به حرفش خامهٔ رومی نهادم
Забони таън бар вай май кушодам
زبان طعن بر وی میگشادم
Вале чун даври базм даврӣ орост
ولی چون دور بزم دوری آراست
Саросар ҳар чаҳ дил мегуфт шуд рост
سراسر هر چه دل میگفت شد راست
Бигӯям рости пари нои меҳрбонӣ
بگویم راست پر نا مهربانی
Наранҷӣ шева ёрӣ ндонӣ
نرنجی شیوه یاری ندانی
Чаҳ гуфтам буд биҷои ин ҳикоят
چه گفتم بود بیجا این حکایت
Маро бояд зи худ кардани шикоят
مرا باید ز خود کردن شکایت
Ки шаҳрии пари парӣ рухсор дидам
که شهری پر پری رخسار دیدم
Чунин бе меҳри ёрии баргузедам
چنین بیمهر یاری برگزیدم
Маро ҳам нест ҷурмии бигноҳм
مرا هم نیست جرمی بیگناهم
зи дасти дил ба ин рӯзи сиёҳам
ز دست دل به این روز سیاهم
Агар дили пои баст ӯ наме буд
اگر دل پای بست او نمیبود
Марои сар бар сари зону наме буд
مرا سر بر سر زانو نمیبود
Чу гуми гашт аз ҷаҳони савдоеи шаб
چو گم گشت از جهان سودایی شب
Бурун ронад аз пеши хуршеди мураккаб
برون راند از پیش خورشید مرکب
Ғуломони паҳлу аз бистар кашиданд
غلامان پهلو از بستر کشیدند
Ба ҷои хеши нозирро надиданд
به جای خویش ناظر را ندیدند
Намуданд аз пай ӯ раҳи басии тай
نمودند از پی او ره بسی طی
Вале аз ҳеҷ раҳ пайдо нашуд пай
ولی از هیچ ره پیدا نشد پی
Хуши он ков дар биёбоне наад рӯ
خوش آن کاو در بیابانی نهد رو
Ки ҳаргизи каси наёбади сари пай ӯ
که هرگز کس نیابد سر پی او
зи абри дидаи сайл хӯн кушоданд
ز ابر دیده سیل خون گشادند
Хурушон рӯй дрсҳро ниҳоданд
خروشان روی درصحرا نهادند
Хурӯши дард бар гардуни расонданд
خروش درد بر گردون رساندند
зи тарафи нили сӯии Мисри ронданд
ز طرف نیل سوی مصر راندند