эй бастау кушодаи басии душману ҳисор

ای بسته و گشاده بسی دشمن و حصار

Дар ҳар ду ҳоли боди турои кирдигори ёр

در هر دو حال باد ترا کردگار یار

Таъӣди ту шикастаи бики ҳамлаи сад масоф

تأیید تو شکسته بیک حمله صد مصاف

Иқболи ту кушодаи як лаҳза ва сад ҳисор

اقبال تو گشاده یک لحظه و صد حصار

Бар мӯҷиби ризои ту айёмро мзо

بر موجب رضای تو ایام را مضا

Бар маркази муроди ту афлокро мадор

بر مرکز مراد تو افلاک را مدار

Нозӣ ки нест он зи ҷаноб ту ҳаст ранҷ

نازی که نیست آن ز جناب تو هست رنج

Фахрӣ ки нест он зи ҷаноб ту ҳаст ор

فخری که نیست آن ز جناب تو هست عار

Гардун бахил шуд , ки наёвард чу ту ҷавод

گردون بخیل شد ، که نیاورد چو تو جواد

Гетӣ ақим шуд ки назод чу ту савор

گیتی عقیم شد که نزاد چو تو سوار

Шмъисти меҳри ту , ки бақо бошадаш фурӯғ

شمعیست مهر تو ، که بقا باشدش فروغ

Хмристи кини ту ки фано бошадаш хумор

خمریست کین تو که فنا باشدش خمار

Гӯши замонаи амр туро бӯда мустамеъ

گوش زمانه امر ترا بوده مستمع

Чашми сипеҳри малик туро карда аннтзор

چشم سپهر ملک ترا کرده اننتظار

Низ уқоби шакли ту дар сайдгоҳи ҳарб

نیز عقاب شکل تو در صیدگاه حرب

Арвоҳи душманон шариъат кунад шикор

ارواح دشمنان شریعت کند شکار

Андари кафи ҷалолати ту хомаи шараф

اندر کف جلالت تو خامهٔ شرف

Авроқи мкрмот ва мҳомдт кунад нигор

اوراق مکرمات و محامدت کند نگار

Бинвишта дасти Авни илоҳии бхти фатҳ

بنوشته دست عون الهی بخط فتح

Бар сафҳаи ҳисоми ту оёти эътибор

بر صفحهٔ حسام تو آیات اعتبار

Вақте ки бар замин фитад аз зилзилаи фазаъ

وقتی که بر زمین فتد از زلزله فزع

Ҷое ки бар фалак расад аз маъракаи ғубор

جایی که بر فلک رسد از معرکه غبار

Аз гирди фитнаи дидаи гардони шӯри зрир

از گرد فتنه دیدهٔ گردان شور ضریر

Вази тири кӣнаи сина шерон шавад фигор

وز تیر کینه سینهٔ شیران شود فگار

Саҳни ҷаҳони зшнаҳи бораи пар аз ғарив

صحن جهان زشنهٔ باره پر از غریو

Рӯй фалаки зотши ҳамлаи пар аз шарор

روی فلک زآتش حمله پر از شرار

Онгаҳ туро набошад ҷузи гиру дори шуғл

آنگه ترا نباشد جز گیر و دار شغل

Ва онҷо туро набошад ҷузи таъну зарби кор

و آنجا ترا نباشد جز طعن و ضرب کار

эй баси бузургро ! ки кунад ҳамлаи ту хирад

ای بس بزرگ را ! که کند حملهٔ تو خرد

Ваии баси азизро ! ки кунад ханҷари ту хор

وی بس عزیز را ! که کند خنجر تو خوار

Шоҳо , замона бар тани ман кор зор кард

شاها، زمانه بر تن من کار زار کرد

Вази кори зори хеш маро кард кори зор

وز کار زار خویش مرا کرد کار زار

Зини нои сабури даҳри танами гашти нои сабур

زین نا صبور دهر تنم گشت نا صبور

Зин бе қарори чархи дилами гашт бе қарор

زین بی قرار چرخ دلم گشت بی قرار

Акнӯн марои зи кули ҷаҳон , дар наҷоти ҷон

اکنون مرا ز کل جهان ، در نجات جان

Бар тести эътимод , пас аз фазли кирдигор

بر تست اعتماد ، پس از فضل کردگار

Бигурехт дар ҷавори ту ҷонам аз онкӣ нест

بگریخت در جوار تو جانم از آنکه نیست

Аз ҷаври рӯзгори амон , ҷузи дарин ҷавор

از جور روزگار امان ، جز درین جوار

Дар сояи рафеъи ҷаноби ту ҷони ман

در سایهٔ رفیع جناب تو جان من

Зин зинҳор хори фалаки ҷуст зинҳор

زین زینهار خوار فلک جست زینهار

Ҷони нижанду шахси заъифи марои бФзл

جان نژند و شخص ضعیف مرا بفضل

Дар зинҳор дор , азин зинҳор хор

در زینهار دار ، ازین زینهار خوار

Ту шаҳриёри одил ва дар аҳди ту бзлм

تو شهریار عادل و در عهد تو بظلم

Шояд ки рӯзгор бар оради зи ман дамор ?

شاید که روزگار بر آرد ز من دمار ؟

Бо рӯзгоргар ту бигӯе : макун , баст

با روزگار گر تو بگویی : مکن ، بست

Донад салоҳи хеши бад-ӣни мояи рӯзгор

داند صلاح خویش بدین مایه روزگار

Шоҳо , хдоигоно , грдо , мзФро

شاها ، خدایگانا ، گردا ، مظفرا

Чархӣу рӯзгор , ту дар қадару иқтидор

چرخی و روزگار ، تو در قدر و اقتدار

Бар дайну малики онкии туро шаҳриёр кард

بر دین و ملک آنکه ترا شهریار کرد

Бар назм ва наср кард маро низ шаҳриёр

بر نظم و نثر کرد مرا نیز شهریار

Онам ки ҳаст хотири ман ганҷи шоягон

آنم که هست خاطر من گنج شایگان

Ва онам ки ҳаст гуфта ман дар шоҳвор

و آنم که هست گفتهٔ من در شاهوار

Орандаи наводири гетӣ , сипеҳри пер

آرندهٔ نوادر گیتی ، سپهر پیر

Гӯ : дар фунуни фазли ҷавонӣ чу ман биор

گو : در فنون فضل جوانی چو من بیار

Ҳқо ки то бҳшр басандааст даҳр ро

حقا که تا بحشر بسنده است دهر را

Осори ман қлоиди аъноқи ифтихор

آثار من قلاید اعناق افتخار

То шаби бпиши аҳл ҳунар нест ҳамчуи рӯз

تا شب بپیش اهل هنر نیست همچو روز

То гул бузанд мард хирад нест ҳамчуи хор

تا گل بزند مرد خرد نیست همچو خار

Ҳаргиз мабод кавкаби бахти турои ғуруб

هرگز مباد کوکب بخت ترا غروب

Ҳаргиз мабод мураккаби ҷоҳи турои ъсор

هرگز مباد مرکب جاه ترا عثار

Аз оташи синони ту вази оби теғи ту

از آتش سنان تو وز آب تیغ تو

Бодо чу боди душмани малики ту хоксор

بادا چو باد دشمن ملک تو خاکسار