Онкӣ ҳамчун ҷони тангати даст дар оғӯш дошт

آنکه همچون جان تنگت دست در آغوش داشت

Чун садаф дар баҳри ишқи он ташнаи лаб хомӯш дошт

چون صدف در بحر عشق آن تشنه‌لب خاموش داشت

Дар ҷаҳон бисёр гардидем ва дар ҳар гӯша Эй

در جهان بسیار گردیدیم و در هر گوشه‌ای

Ҳаркиро дидем аз он маи ҳалқае дар гӯш дошт

هرکه را دیدیم از آن مه حلقه‌ای در گوش داشت

Бо хаёлаши ончӣ май гуфтеми мо будему дил

با خیالش آنچه می‌گفتیم ما بودیم و دل

Бармало шуд оқибати девор гуё гӯш дошт

برملا شد عاقبت دیوار گویا گوش داشت

Дар даруни сина гум кардем дилро оқибат

در درون سینه گم کردیم دل را عاقبت

Нек чун дидеми онро шӯхи гулгун пӯш дошт

نیک چون دیدیم آن را شوخ گلگون‌پوش داشت

Аз хумори ҳиҷр ӯ мардем эй ёрон куҷост

از خمار هجر او مردیم ای یاران کجاست

Гардиши чашмӣ ки моро муттасил мадҳуш дошт

گردش چشمی که ما را متصل مدهوش داشت

Рӯ ба ҳар ҷониб ки тираш рафт берун аз камон

رو به هر جانب که تیرش رفت بیرون از کمان

Чун нигаҳ кардем мо қассоб дар оғӯш дошт

چون نگه کردیم ما قصاب در آغوش داشت