Чу шавқ рӯй ту бар будам ихтиёр аз даст
چو شوق روی تو بِربودم اختیار از دست
Бирафт чун сари зулфи тавъами қарор аз даст
برفت چون سر زلف تواَم قرار از دست
Ба даст буд марои доманнигор дареғ
به دست بود مرا دامن نگار دریغ
Ки баради чархи ҷафо пешаамнигор аз даст
که برد چرخ جفا پیشهام نگار از دست
?герат расад ба гиребони дӯстони дастӣ
گرت رسد به گریبان دوستان دستی
Бигир домани ёрони худ мадор аз даст
بگیر دامن یاران خود مدار از دست
Агар ба даст ту уфтад шабии сари зулфаш
اگر به دست تو افتد شبی سر زلفش
Мадаи ду зулфи парешонаш зинҳор аз даст
مده دو زلف پریشانش زینهار از دست
Хаёли қомати дилхоҳи мо чу сарви сҳист
خیال قامت دلخواه ما چو سرو سهیست
Бирафт аз назари мо ва рафт ёр аз даст
برفت از نظر ما و رفت یار از دست
Ба ҷон расед дили ман зи дасти ҷаври фироқ
به جان رسید دل من ز دست جور فراق
Ҷафоу ҷаври зи баҳр худо бидор аз даст
جفا و جور ز بهر خدا بدار از دست
Чу ҷон расед ба лаб , дилбарам назар фармуд
چو جان رسید به لب، دلبرم نظر فرمود
Чу ҳосилам буд акнӯн ки рафт кор аз даст
چه حاصلم بود اکنون که رفت کار از دست
На рӯзгор вафо кард бо ман ва на нигор
نه روزگار وفا کرد با من و نه نگار
з даст рафт ҷаҳонро чу рӯзгор аз даст
ز دست رفت جهان را چو روزگار از دست
Қарору хобу шикебеу ҷафои бурдан
قرار و خواب و شکیبایی و جفا بردن
Бирафт аз ғами ишқи ту ҳар чаҳор аз даст
برفت از غم عشق تو هر چهار از دست