Аз куҷо омад ин мубораки бод

از کجا آمد این مبارکباد

Ки ҷаҳонии фидои ҷонаши бод

که جهانی فدای جانش باد

Буии зулф нигорам оварадаст

بوی زلف نگارم آورده‌ست

Кард аз ин буии хуши ҷаҳонии шод

کرد از این بوی خوش جهانی شاد

Ҷони мо тозаи гашт аз ин накҳат

جان ما تازه گشت از این نکهت

Кард ҷону дилами зи ғами озод

کرد جان و دلم ز غم آزاد

Ҷон ширин кунем аз ғам ӯ

جان شیرین کنیم از غم او

эй азизон ва ҳарчӣ бодобод

ای عزیزان و هرچه باداباد

Ёри ма рӯйро вафо набӯд

یار مهروی را وفا نبود

Ёрб ин расм дар ҷаҳон ки ниҳод

یارب این رسم در جهان که نهاد

Дар забонаши ҷафоу дил бе меҳр

در زبانش جفا و دل بی مهر

Ҳосилаш чист ишқ бе бунёд

حاصلش چیست عشق بی بنیاد

Банда ӣ қоматаши зи ҷони гаштам

بندهٔ قامتش ز جان گشتم

То бидидам қадӣ чу сарви озод

تا بدیدم قدی چو سرو آزاد