То чанд кунам ҷоно аз дасти ғамати фарёд
تا چند کنم جانا از دست غمت فریاد
Зин беш наме орми ман тоқати ин бедод
زین بیش نمیآرم من طاقت این بیداد
Ман бо ғами ҳиҷронат то кӣ гузаронами рӯз
من با غم هجرانت تا کی گذرانم روز
Шояд ки кунӣ як шаб аз васли худами дилшод
شاید که کنی یک شب از وصل خودم دلشاد
Дидам қади раънояти гаштами зи миёни ҷон
دیدم قد رعنایت گشتم ز میان جان
Ман бандаи он қомат ҳастӣ ту чу сарви озод
من بنده آن قامت هستی تو چو سرو آزاد
Бхроми миёни боғ то қомат ту бинад
بخرام میان باغ تا قامت تو بیند
Уфтад зи қадам дар дами ҳам тӯбо ва ҳам шамшод
افتد ز قدم در دم هم طوبی و هم شمشاد
Дротши ҳиҷронат эй дӯсти хабари дорӣ
درآتش هجرانت ای دوست خبر داری
Кин хона ӣ сабр ман барканд ғам аз бунёд
کاین خانهٔ صبر من برکند غم از بنیاد
Ҳоли дили мискинами охир ки тавонад гуфт
حال دل مسکینم آخر که تواند گفت
эй нури ду чашми ман дар гӯши ту ғайр аз бод
ای نور دو چشم من در گوش تو غیر از باد
Фарёди ҷаҳони сӯзами афтода ба кӯҳу дашт
فریاد جهان سوزم افتاده به کوه و دشت
То сӯзи ғами ишқат дар ҳар ду ҷаҳон афтод
تا سوز غم عشقت در هر دو جهان افتاد