Дили баради зулфи шӯхату онгоҳи қасд ҷон кард
دل برد زلف شوخت و آنگاه قصد جان کرد
Инсофи даҳ нигоро бо дӯсти ин тавон кард
انصاف ده نگارا با دوست این توان کرد
эй нур ҳар ду дидаи ин мардуми ду дида
ای نور هر دو دیده این مردم دو دیده
Хӯни дил аз ду дида дар ҳасратат равон кард
خون دل از دو دیده در حسرتت روان کرد
Дар мадҳи ту чу сӯсан кардам забони дарозӣ
در مدح تو چو سوسن کردم زبان درازی
Гар май кашии ту донеи мадҳи рахти з ҷон кард
گر میکُشی تو دانی مدح رخت ز جان کرد
Доне чаҳ кард бо ман аз рӯй бе вафое
دانی چه کرد با من از روی بی وفایی
Дили баради он ситамгари рӯйиши зи мо ниҳон кард
دل برد آن ستمگر رویش ز ما نهان کرد
Аз зулф чун бунафша ва аз холи ънбринш
از زلف چون بنفشه و از خال عنبرینش
Моро чу наргиси худ бемор ва нотавон кард
ما را چو نرگس خود بیمار و ناتوان کرد
То қади ҳамчуи сурӯш дар пеши мо равон шуд
تا قد همچو سروش در پیش ما روان شد
Ҷонами равони равонро дар пеш ӯ равон кард
جانم روان روان را در پیش او روان کرد
Дил гуфт бо ду дида афтод кори мо ро
دل گفت با دو دیده افتاد کار ما را
Фии улҳоли мардумакро дар ҷусту ҷӯ давон кард
فیالحال مردمک را در جست و جو دوان کرد
Гарчи ҷаҳон надорад бо дилбарони вафое
گرچه جهان ندارد با دلبران وفایی
Дидӣ ки каси ҷафоеи зини гӯна бо ҷаҳон кард
دیدی که کس جفایی زین گونه با جهان کرد