Пеш рӯй ту дилам аз сар ҷон бархезад
پیش روی تو دلم از سر جان برخیزد
Ҷон чаҳ бошад зи сар ҳар ду ҷаҳон бархезад
جان چه باشد ز سرِ هر دو جهان برخیزد
Ошиқи сӯхтагар бар сари хокаши гузарӣ
عاشق سوخته گر بر سر خاکش گذری
Аз лаҳади наъраи занони рақс кунон бархезад
از لحد نعره زنان رقص کنان برخیزد
Дар миёни ман ва ту перҳании мондаи ҳиҷоб
در میان من و تو پیرهنی مانده حجاب
Бо канори ой ки он ҳам з миён бархезад
با کنار آی که آن هم ز میان برخیزد
Чанд дар хоб равад бахти ман шӯрида
چند در خواب رود بخت من شوریده
Вақт онаст ки аз хоб гарон бархезад
وقت آنست که از خواب گران برخیزد
Ситами ҳиҷри ту зин рӯй ки олам бигирифт
ستم هجر تو زین روی که عالم بگرفت
Тарсами ошӯб аз ин давр замон бархезад
ترسم آشوب از این دور زمان برخیزد
Пои шамшоди зи шарм ту бимонад дар гул
پای شمشاد ز شرم تو بماند در گِل
Дар чамангар қади сарви ту чмон бархезад
در چمن گر قد سرو تو چمان برخیزد
Тарк васлат накунам то будам ҷон дар тан
ترک وصلت نکنم تا بودم جان در تن
Вар ба якбораам умеди з ҷон бархезад
ور به یکبارهام امید ز جان برخیزد
Фитна бархезад ар он гулбун нав биншинад
فتنه برخیزد ار آن گلبن نو بنشیند
Сарв биншинад ар он сарв равон бархезад
سرو بنشیند ار آن سرو روان برخیزد
Шамаегар зи ғами ҳол ҷаҳон бархезад
شمّهای گر ز غم حال جهان برخیزد
эй басои наъра ки аз пер ва ҷавон бархезад
ای بسا نعره که از پیر و جوان برخیزد