Магари сабои зи сари кӯй ёр ме ояд

مگر صبا ز سر کوی یار می‌آید

Ки буии сунбули гесуӣ ёр ме ояд

که بوی سنبل گیسوی یار می‌آید

Марои ҳавои ҷунун тоза мешавад ҳрдм

مرا هوای جنون تازه می‌شود هر دم

Ки ёди силсила ӣ мӯӣ ёр ме ояд

که یاد سلسلهٔ موی یار می‌آید

Муаттараст димоғи дилам ба боди саҳар

معطّرست دماغ دلم به باد سحر

Аз он сабаб ки азуи буи ёр ме ояд

از آن سبب که ازو بوی یار می‌آید

Раво буд ки нивисам зи хӯни дидау дил

روا بود که نویسم ز خون دیده و دل

Ҷавоби нома ки аз сӯй ёр ме ояд

جواب نامه که از سوی یار می‌آید

Марои зи шева ӣ бодому шакли пистау гул

مرا ز شیوهٔ بادام و شکل پسته و گل

Хаёли чашму лаб ва рӯй ёр ме ояд

خیال چشم و لب و روی یار می‌آید

Ба моҳи иди назар гар кунам ҳаромами бод

به ماه عید نظر گر کنم حرامم باد

Маро чу ёди зи абрӯӣ ёр ме ояд

مرا چو یاد ز ابروی یار می‌آید

Шикоят аз ғаму ҷавру ҷафоӣ даҳрам нест

شکایت از غم و جور و جفای دهرم نیست

Марои ҷафои ҳама аз хуй ёр ме ояд

مرا جفا همه از خوی یار می‌آید

Дилам ба теғ ҷафояш бахаст ҷону ҷаҳон

دلم به تیغ جفایش بخست جان و جهان

Хушаст аз онкии зи бозуӣ ёр ме ояд

خوش است از آنکه ز بازوی یار می‌آید