Бар дилами ҷуз ҷафо наме ояд

بر دلم جز جفا نمی‌آید

Вази ту буи вафо наме ояд

وز تو بوی وفا نمی‌آید

Аз табиби дилами мусулмонон

از طبیب دلم مسلمانان

Ҳеҷ буи даво наме ояд

هیچ بوی دوا نمی‌آید

Гуфта буд ӯ даройам аз дар васл

گفته بود او درآیم از در وصل

Он ситамгар чаро наме ояд

آن ستمگر چرا نمی‌آید

Чаҳ тавон кард чун зи дасти маро

چه توان کرد چون ز دست مرا

Ҳеҷ ғайр аз дуо наме ояд

هیچ غیر از دعا نمی‌آید

Дархури бандагони даргоҳат

درخور بندگان درگاهت

Ҳеҷ хизмати з мо наме ояд

هیچ خدمت ز ما نمی‌آید

Ҷангро бастае миёну зи ту

جنگ را بسته‌ای میان و ز تو

Буии сулҳ ва сафо наме ояд

بوی صلح و صفا نمی‌آید

ӯ хатоеи бачаи сет ва ме донам

او خطایی بچه‌ست و می‌دانم

Ки аз ӯ ҷуз хато наме ояд

که از او جز خطا نمی‌آید

Ёри бегонаи гашт то доне

یار بیگانه گشت تا دانی

Зон бар ошно наме ояд

زان بر آشنا نمی‌آید

Подшоҳи ҷаҳони туе з чаҳ рӯй

پادشاه جهان تویی ز چه روی

?назарет бар гадо наме ояд

نظرت بر گدا نمی‌آید